Wednesday, September 9, 2020

महान क्रांतिकारी चित्तप्रिय राय चौधरी जी


महान क्रांतिकारी चित्तप्रिय राय चौधरी जी
🙏

बलिदान दिवस: 9 सितंबर 1915

ये क्रांतिवीर बाघा जतिन जी के दल के सदस्य थे। 9 सितंबर 1915 को पुलिस ने जतिन का गुप्त अड्डा 'काली पोक्ष' (कप्तिपोद) ढूंढ़ निकाला। यतीजतिन बाबू साथियों के साथ वह जगह छोड़ने ही वाले थे कि राज महन्ती नमक अफसर ने गाँव के लोगों की मदद से उन्हें पकड़ने की कोशश की। बढ़ती भीड़ को तितरबितर करने के लिए जतिन ने गोली चला दी। राज महन्ती वहीं ढेर हो गया। यह समाचार बालासोर के जिला मजिस्ट्रेट किल्वी तक पहुंचा दिया गया। किल्वी दल बल सहित वहाँ आ पहुंचा। यतीश नामक एक क्रांतिकारी बीमार था। जतिन उसे अकेला छोड़कर जाने को तैयार नहीं थे। चित्तप्रिय भी उनके साथ था। दोनों तरफ़ से गोलियाँ चली।ये सिर्फ 5 लोग थे और दूसरी तरफ भारी पुलिस बल आधुनिक हथियारों के साथ।इनके पास केवल पिस्तौल और गिनती के कारतूस थे। इस लड़ाई में चित्तप्रिय वहीं शहीद हो गए। 

चित्तप्रिय जी के बलिदान दिवस पर जन हितकारी संगठन उन्हे शत शत नमन करता है💐💐💐🙏🙏

जय भारत 🇮🇳

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